देहरादून: उत्तराखंड में सूचना एवं जनसंपर्क निदेशालय (DIPR) ने पत्रकारों की मान्यता (एक्रेडिटेशन) के नवीकरण की प्रक्रिया को सख्त और पारदर्शी बनाने के लिए नया कदम उठाया है। अब राज्य और जिला मुख्यालय स्तर पर मान्यता प्राप्त पत्रकारों का सत्यापन स्टेट इंटेलिजेंस की लोकल इंटेलिजेंस यूनिट (LIU) के माध्यम से कराया जा रहा है।
डायरेक्टर जनरल ऑफ इन्फॉर्मेशन बंशीधर तिवारी ने बताया कि विभाग को कुछ शिकायतें मिली थीं, जिनमें आरोप लगाया गया था कि अन्य पेशों से जुड़े कुछ लोगों ने पत्रकार मान्यता प्राप्त कर ली है या इसके लिए आवेदन किया है। इन शिकायतों के मद्देनज़र अब सत्यापन प्रक्रिया को कड़ा किया गया है।
डीजी,सूचना बंशीधर तिवारी (IAS)
उन्होंने स्पष्ट किया कि LIU के जरिए की जा रही जांच का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल सक्रिय और वास्तविक पत्रकारों को ही मान्यता का लाभ मिल सके।
गौरतलब है कि उत्तराखंड राज्य गठन के बाद यह पहली बार है, जब वरिष्ठ पत्रकारों समेत सभी मान्यता प्राप्त पत्रकारों का व्यापक स्तर पर LIU द्वारा सत्यापन कराया जा रहा है। इस कदम को पत्रकारिता व्यवस्था में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बढ़ाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
